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जफरनामो



बिदै साक़िया सागऱे सब्ज रंग
कि मारा बकारस्त दर वक़्ते जंग
तो मारा बिदै ताकुनम् ताज़ा दिल
कि गौहर बिरारम् ज़ि आलूदा गिल

बिदै = दे, साकिया = कलाळी (परमात्मा), सागऱे सब्जरंग = लीलै रंग रो पात्र, मारा = म्हारै खातर, बकारस्त = काम रो हुवै, दर वक़्ते जंग = जुद्ध रै बखत, तो = तूं, मारा = मनैं, ता = जिण सूं, कुनम् = करूं, ताजा दिल = दिल नैं ताजा, कि = कै, गौहर = मोती, बिरारम् = निकाळूं, ज़ि = सूं, आलूदा = लिपट्योड़ी, गिल = माटी

प्याली दे साक़ी वो, केसर रंग
साधै काम म्हारलो, जाग्यां जंग
दाव असली दे इसो, ताजो तेज
कढ़ै मोती काद सूं, लगै ने जेज (चंद्रसिंह)

आज कळाळी प्यालो, इसड़ै मद सूं भरदे
जुड़ै जंग जद, जो सकळा कारज सिध करदे
भरै ताजगी मन में, जिण सूं उमंगां आवै
जो कादै सूं काढ़`र, मोती बारै लावै (रावत सारस्वत)

बनामे खुदावन्दे तेगो़ तबर
खुदावन्दे तीरो सिनानो सिपर

बनामे = नांव लेय`र, खुदावन्दे = भगवान रो, तेगो = तरवार, तबर = छुरो, तीरो = अर बाण, सिनानो = अर बरछी, सिपर = ढाल

सिमरूं ईस, तेग रो सिरजणहार
बाण, ढाल, बरछी, भल तेज कटार (चंद्रसिंह)

सिमरूं सिरजणहार, जिकै सिरजी तरवारां
सिरज्या तीर, कटार, ढाल, बरछां री धारां (रावत सारस्वत)

खु़दावन्दे मर्दाने जंग आज़मा
खुद़ावन्दे अस्पाने पा दर हवा

मर्दाने = मोट्यारां, जंग आज़मा = जुद्ध में आजमायोड़ा, अस्पाने = घोड़ा, पा = पग, दर = में

सिमरूं ईस रच्या जिण, रण जूझार
पून वेग दोड़ंता, भल तोखार (चंद्रसिंह)

सिमरूं सिरजणहार, जंग जूझण जोधारां
पवन पंथ पग धरै, जिसा ताता तीखारां (रावत सारस्वत)

हमां कू तुरा पाद ााही बिदाद
बमा दौलते दीं पनाही बिदाद

हमां = वो ही, कू = जिको, तुरा = तनैं, पाद ााही = राज, बदाद = दी, बमा = मनैं, दौलते = री दौलत, दीं पनाही = धरम रुखाळी

बादसाही तनैं दी, जिण करतार
धरम धारण धन दियो, मनैं अपार (चंद्रसिंह)

वो ही एक करतार, बाद ााही दी तोनैं
धरम रुखाळण काज, उणीं दी दोलत मोनैं (रावत सारस्वत)